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मामी के साथ शादी और सुहागरात

हैल्लो दोस्तों, मेरा नाम राहुल है और में अपनी सच्ची चुदाई की कहानी पर आता हूँ जो मेरे और मेरी मामी के बीच हुई और जिसमें मैंने उनके साथ बहुत जमकर मज़े लिए. दोस्तों मेरी मामी की शादी कुछ सालों पहले हुई थी और उनके एक लड़का और एक लड़की है. वो 32-34-40 आकार के फिगर की मालकिन भी है और उनकी गांड बहुत सुंदर और चलते हुए तो वो नामर्द के भी लंड खड़े कर देती है. उनकी ऐसी गांड है और वो नासिक में रहती है उनके दोनों बच्चे स्कूल और मामा एक प्राइवेट कंपनी में नौकरी करते है. दोस्तों में राहुल मुम्बई में रहता हूँ और वैसे मेरी मामी की और मेरी बहुत अच्छी बनती है और हम दोनों एक दूसरे के साथ बहुत हंसी मजाक किया करते थे और वो भी मुझसे कभी कोई बात नहीं छुपाती थी और सब कुछ हमेशा मुझे बता दिया करती थी. फिर कुछ समय के बाद मेरी पढ़ाई खत्म हो गई और मेरी नासिक में नौकरी लगी इसलिए में नौकरी के लिए नासिक अपनी प्यारी मामी के पास चला गया और फिर में वहीं पर रहने लगा था. दोस्तों मेरे मामा की नौकरी सुबह 7 से 5 बजे तक रहती है और मेरी 3 से 11 मेरे मामा जी ने मेरे पास घर की एक चाबी दे रखी थी. एक दिन में अपनी नौकरी से थोड़ा जल्द...

मामा की घेरहाजरी में मामी को चोदा

हेलो दोस्तों मेरा नाम मुकेश कुमार है. मैं दिल्ली का रहने वाला हू. मैं 22 साल का हू ओर सिंगल हू. मेरा लंड 7 इंच लम्बा और २ इंच मोटा है. जिसे देख कर किसी के भी मूह मैं पानी आ जाए. तो अब मैने अपनी स्टोरी की शुरुआत करता हु. इंडियन एडल्ट स्टोरी डॉट कॉम पे ये मेरी पहली कहानी है. कहानी मेरी मामी की चुदाई का है जब मैं गर्मी की छुट्टी में नानी जी के यहाँ गया था.

गर्मी की छुट्टी हो गयी थी इसलिए मैं नानी के यहाँ जाने का प्लान बनाया और मैं अगले ही दिन अपना सामान पैक किया ओर मेरी नानी क घर आ गया. शाम को करीब ७ बजे मैं नानी के यहाँ पहुंच गया. मैंने वेल बजाय एक खूबसूरत औरत जिसकी बूब्स ३६ साइज का, गोरी चिट्टी, गदराया हुआ बदन, मस्तानी चाल और चेहरे पे हसी और रशीले होठ. मैंने तो देखते ही पागल हो गया यार वो मेरी मामी थी. मस्त माल है मेरी मामी. मेरा तो सारा रास्ता का थकान खतम हो गया उनकी मटकती हुयी चाल और झूमते हुए चूतड़ को देखकर.

मैंने सब को बारी बारी से प्रणाम किया और बैठ गया. चाय बिस्कुट ली और फिर नानी जी से बात चित करने लगा. पर मेरी नजर हमेशा मामी पर ही थी, वो रसोई में खाना बना रही थी और आ जा रही थी. मेरे तो ह्रदय के कमल खिल रहे थे उनकी मुस्कुराहट पे. मैं मामी को पूछा मामी जी मामा जी कब आते है घर पे? तो वो बोली उनका कुछ भी पता नहीं. वो बड़े बिजी रहने लगे है आजकल कभी कभी वो नहीं भी आते है. क्यों की ऑफिस में भी सोने का जगह है. तभी बेल्ल बजा और मामा जी आ गए. मैंने उनको भी प्रणाम किया पर वो मामी जी से बोले. आप यह मामी की देसी गन्दी चुदाई कहानी इंडियन एडल्ट स्टोरी डॉट कॉम पर पढ़ रहे हे। जल्दी मुझे खाना दे दो मुझे अभी अहमदाबाद के लिए निकलना है, जरुरी काम आ गया है. और मामा जी खाना खाके जल्दी ही चले गए.

फिर मैंने खाना खाने बैठ गया. मामी जी जब भी आती थी रोटी देने तब उनके बड़े बड़े गोर गोर बूब्स का दर्शन हो जाता था. मेरी निगाह उनके ब्लाउज के ऊपर से निकले हुए चूची पे ही था. पर वो भी भाप गयी की मैंने उनके चूची को ही देख रहा हु. इस बार आई और मुस्कुराते हुए बोली क्या देख रहे हो मुकेश? मैं मन ही मन सोचा मैं तो आपको चूची देख रहा हु मामी जी. क्या मामा जी दबाते नहीं है क्या! क्यों की ये एक दम टाइट और सुडौल है. पर मैंने कह दिया नहीं नहीं मामी जी कुछ भी नहीं. बस यूं ही. आज आप बड़े ही सुन्दर लग रहे हो.

नानी जी जल्दी ही सो जाती है. काफी गर्मी था इस वजह से मामी जी बोली मैं नह लेती हु. तब तक आप मूवी देख लो और मैं टीवी पर मूवी देखने लगा. तभी बाथरूम से आवाज आई मुकेश… मुकेश… मैं बाथरूम के पास पंहुचा और पूछ हाँ जी मामी जी. तो वो बोली थोड़ा पीठ पे एक बार साबुन लगा देना. मैंने दरवाजा खोला तो देखा वो पेटीकोट पहनी थी और दोनों बूब्स को तौलिया से ढक राखी थी. क्या बताऊँ दोस्तों कैसी हॉट लग रही थी. मैं साबुन लगाना सुरु किया पर मेरा लंड नहीं मान रहा था, खड़ा हो गया. पर किसी तरह से मैंने मन इधर उधर दौड़ाया और फिर साबुन लगा के बाहर आया. अब तो मुझे उनका शरीर ही आँखों के आगे नाच रहा था. लंड भी बार बार खड़ा हो रहा था.

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तभी वो नहा के बाहर आई वो सिल्क की नाईटी में थी अंदर वो ब्रा भी नहीं पहनी थी. मैं तो देखते ही रह गया. गजब का उनका चूच हिल रहा था और खुले बालों में बड़ी ही खूबसूरत लग रही थी. वो हलकी सी लिपस्टिक और टेम्पटेशन का डिओड्रेंट लगाई. क्या मस्त माहौल हो गया था. तभी वो बोली, मुकेश आज तो मामा जी नहीं है. मुझे तो अकेले डर लगता है. क्या आप मेरे कमरे में सोओगे? मुझे तो मानो लॉटरी लग गई हो. मैंने कहा जैसी आपको इच्छा. मेरा तो दिल बाग़ बाग़ हो गया था.

फिर हम दोनों एक ही बेड पे लेट गए और टीवी देखने लगे. मामी की दोनों चूचियाँ गुम्बद की तरह ऊपर की और किये हुए था. भीनी भीनी खुसबू आ रही थी. तभी टीवी का चैनल चेंज करते करते एक इंग्लिश चैनल पे हॉट किसिंग सीन चल रहा था. मामी वही रूक के देखने लगी. फिर वो बोली मुकेश कोई गर्ल फ्रेंड है. मैंने कहा नहीं. आप यह मामी की देसी गन्दी चुदाई कहानी इंडियन एडल्ट स्टोरी डॉट कॉम पर पढ़ रहे हे। तो बोली कभी किसी को किश किये हुए. मैंने कहा नहीं. तो वो बोली बेकार लड़के हो यार आजकल के कोई भी लड़का ऐसा नहीं है जो ये सब नहीं किया हो. कोई जरुरी नहीं की गर्लफ्रेंड हो तभी ये सब होता है. आप किसी को भी पटा कर ये सब कर सकते हो. मैंने थोड़ा हिम्मत से काम लिया और बोल दिया, क्या मैं आपको भी पटा सकता हु? वो मेरे तरफ देख कर बोली चल बेवकूफ, बोल के पटाया जाता है और मेरे में है क्या जो मुझे पटाओगे. मैं तो शादी शुदा हु. कोई टंच माल को पटाओ. तो मैंने तुरंत ही कह दिया, आप तो बहुत टंच हो. सभी लड़कियों भी फेल है आपके सामने.

फिर वो मेरे तरफ घूम गई और बोली कितना बड़ा है? मैंने कहा आप खुद ही नाप लो. वो मेरा लंड पकड़ ली और बोली हे भगवान ये तो खुटा है. लंड और इतना बड़ा? मैंने तो पागल हो जाउंगी अगर मेरे अंदर ये चला गया तो. और फिर वो मेरे होठ पे किश कर ली और मैंने भी उनको किश करते हुए उनके चूचियों को मसलने लगा.

मैने उसी वक़्त उनके होठ चूसना स्टार्ट कर दिए, इतने रसीले होठ मैने अपनी लाइफ मैं नही देखे थे मामी भी मुझे बराबर का रेस्पॉन्स देती जा रही थी. ये देख क मुझमे ओर जोश आ गया. मैं उनके बूब्स ज़ोर ज़ोर से दबाये जा रहा था. इतने मैं उन्होंने बोला की होठ और चूच ही दबायेगा की और भी कुछ करेगा. ओह्ह्ह इतना सुनते ही मैं उनके नाईटी को ऊपर कर दिया. वो ब्लैक कलर की पेंटी पहनी थी. मैंने पेंटी को खोल दिया और नाक में लगा के सुंघा. तो वो बोली इसको क्यों सूंघ रहा था, चूत जब तेरे सामने है. मैंने तुरंत ही उनके चूत को चाटने लगा.

वो तो मानो पगाल सी हो गयी थी. वो आ आ की सिसकारिया भरने लग गई… बोली, मुकेश चाट डालो आज चूत को तुम्हारी ही ह. तुम्हारे मामा से तो कुछ नही सकता लाइफ. मैं ये सुनके मुझमे ओर जोश आ गया ओर मैं ओर ज़्यादा ज़ोर से चूत चाटने ल्ग गया. वो आ आ की सिसकारिया भरने ल्गी.

उसी समय एक अंगड़ाई ली वो झड़ गई ओर मैने उनका सारा माल अपने मूह मैं ले लिया. फिर मैने मामी को अपना लंड दिया. इतना लूंबा लंड देख कर तो वो पगाल सी होके टूट पड़ि ओर मेरा लंड अपने मूह मैं ले लिया. उस टाइम की क्या फीलिंग थी दोस्तो. फिर मैने मामी को चोदना स्टार्ट किया. एक ही बार मैं पूरा लंड अंदर डाल दिया. वो ज़ोर ज़ोर से चिल्लाने ल्गी आ मुकेश मार डालेगा क्या. मैने कहा हा रंडी तुझे चोद चोद के मार डालूँगा .

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फिर मैं ज़ोर ज़ोर से धक्के लगने लग गया. उसके बाद मैने मामी की गांड मारना स्टार्ट कर दिया. वो बस आह आअह ओह्ह्ह ओह्ह ओह्ह्ह कर रही थी और बीच बीच में अंगड़ाई लेके झड़ रही थी. आप यह मामी की देसी गन्दी चुदाई कहानी इंडियन एडल्ट स्टोरी डॉट कॉम पर पढ़ रहे हे। पर मैं एक भी बार नही झड़ा था. फिर गांड मारते मारते मैं झड़ने ही वाला था की मैने अपना लंड मामी क मूह मैं डाल दिया. वो ज़ोर ज़ोर से चूसने ल्गी ओर मैने अपना सारा माल मामी के मूह मैं निकल दिया, जिसे वे पी गई. तब भी हम दोनों को सहलाने का सिलसिला जारी रहा.

मामी जी तभी उठी और अलमारी से एक टेबलेट निकाली और बोली ले इससे खा ले. मैंने टेबलेट खा ली. तभी ५ मिनट बाद मेरे अंदर पता नहीं कहा से इतना जोश आ गया. मेरा लंड तन गया अब मैं मामी के चूत को चोदना सुरु किया. क्या बताऊँ दोस्तों फिर तो रात भर मामी ने चुदवाया और मैंने चोदा. जब ४ बार चुदाई की तो दोनों थक गए, उस समय सुबह के पांच बज गए थे. रात भर की चुदाई करने के बाद, मैं सो गया. जब उठा तो देखा मामी जी नहा धोकर वो खाना बना रही थी. फिर मामी बोली अभी तीन दिन तक मामा जी नहीं आएंगे. मैंने कहा ठीक है. मैं हु ना. और वो हसने लगी. मित्रो आपको मेरी ये कहानी कैसी लगी मुझे जरूर बताये. प्लीज

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